छपरा में यूथ पार्लियामेंट: आपातकाल पर युवाओं को जानना ज़रूरी — सांसद
छपरा में आयोजित “विकसित भारत यूथ पार्लियामेंट 2026” के अवसर पर महाराजगंज के सांसद Janardan Singh Sigriwal ने कहा कि 50 वर्ष पहले लागू हुए आपातकाल के दौर को आज की युवा पीढ़ी को जानना और समझना चाहिए।

उन्होंने कहा कि यह केवल इतिहास का एक अध्याय नहीं, बल्कि लोकतंत्र के लिए एक महत्वपूर्ण सबक है। सांसद ने युवाओं से अपील की कि वे इस विषय पर अपने विचार रखें, उस कालखंड की परिस्थितियों को समझें और यह जानें कि उस समय देश ने किन-किन चुनौतियों का सामना किया।

सांसद ने बताया कि आपातकाल के दौरान नागरिक स्वतंत्रताओं पर व्यापक प्रतिबंध लगाए गए। विशेष रूप से पत्रकारिता के क्षेत्र में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता प्रभावित हुई—लिखने और बोलने पर नियंत्रण रहा। कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और असहमति की आवाज़ों को दबाया गया।
उन्होंने कहा कि ऐसे दौर को समझना इसलिए भी आवश्यक है ताकि लोकतंत्र की मजबूती और नागरिक अधिकारों के महत्व को नई पीढ़ी बेहतर ढंग से महसूस कर सके।

“लोकतंत्र केवल एक व्यवस्था नहीं, बल्कि जिम्मेदारी है। युवाओं को चाहिए कि वे इतिहास से सीख लेकर भविष्य का निर्माण करें,” उन्होंने कहा।
कार्यक्रम में युवाओं को तीन मिनट का समय दिया गया, जिसमें वे “50 वर्षों का आपातकाल: भारतीय लोकतंत्र के लिए एक सबक” विषय पर अपने विचार रख रहे हैं।



