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नगर निगम की गाड़ी की टक्कर से 60 वर्षीय दूध कारोबारी की मौत, उठे गंभीर सवाल

छपरा में नगर निगम की गाड़ी की टक्कर से 60 वर्षीय दूध कारोबारी की मौत, परिवार में मचा कोहराम
Chhapra News: छपरा के श्याम चौक पर नगर निगम की कचरा उठाने वाली गाड़ी की टक्कर से 60 वर्षीय दसरथ राय की मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के परिवार में चीख-पुकार मच गई। घटनास्थल पर मौजूद लोगों और परिजनों ने घटना को लेकर कई गंभीर सवाल उठाए हैं।
दूध बेचने निकले थे दसरथ राय, घर नहीं लौट सके
जानकारी के मुताबिक, दसरथ राय मासूमगंज के रहने वाले थे और दूध का कारोबार करते थे। परिजनों के अनुसार, वह परिवार के मुख्य कमाने वाले सदस्यों में से एक थे। रोज की तरह वह दूध बेचने के लिए निकले थे, लेकिन श्याम चौक पर हुए हादसे के बाद उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। एक मासूम बच्चे के अपने दादा की मौत पर रोने का दृश्य मौके पर मौजूद लोगों को भी भावुक कर गया।
नगर निगम की गाड़ी को लेकर स्थानीय लोगों ने उठाए सवाल
स्थानीय लोगों का आरोप है कि हादसे के समय नगर निगम की कचरा उठाने वाली गाड़ी एक ऐसे कर्मचारी द्वारा चलाई जा रही थी, जो नियमित ड्राइवर नहीं था। लोगों के मुताबिक, गाड़ी अचानक अनियंत्रित हो गई और दसरथ राय को टक्कर मारने के बाद एक दीवार से जा टकराई।

हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। मामले में यह भी जांच का विषय है कि नगर निगम का वाहन उस समय कौन चला रहा था और उसे वाहन चलाने की अनुमति किस आधार पर मिली थी।
हादसे के बाद कर्मचारी के फरार होने का आरोप
स्थानीय लोगों के अनुसार, हादसे के बाद गाड़ी को मौके पर छोड़कर कर्मचारी वहां से चले गए। घटना से नाराज लोगों ने सड़क जाम कर दिया और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई तथा मृतक के परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की।
मौके पर प्रशासन की टीम पहुंची और स्थिति को संभालने का प्रयास किया। करीब दो से ढाई घंटे बाद नगर निगम की मेयर भी घटनास्थल पर पहुंचीं और लोगों को समझाने की कोशिश की।
मुआवजा मिलेगा, लेकिन परिवार का सहारा कौन लौटाएगा?
इस हादसे के बाद सबसे बड़ा सवाल सिर्फ मुआवजे का नहीं है। सवाल यह है कि अगर जांच में किसी तरह की लापरवाही सामने आती है, तो उसकी जिम्मेदारी किसकी होगी?
क्या जिम्मेदारी सिर्फ वाहन चलाने वाले व्यक्ति तक सीमित होगी या उस व्यवस्था की भी जांच होगी, जिसके तहत नगर निगम का वाहन सड़क पर चल रहा था?
दसरथ राय की मौत ने एक परिवार से उसका कमाने वाला सदस्य छीन लिया है। मुआवजा आर्थिक मदद दे सकता है, लेकिन किसी परिवार के खोए हुए सदस्य की भरपाई नहीं कर सकता।
अब लोगों की नजर प्रशासनिक जांच पर है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि हादसे की वास्तविक वजह क्या थी और इसके लिए जिम्मेदार कौन है।
eBihar DigitalNews की अपील: सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों का पालन करें और किसी भी सरकारी या निजी वाहन के संचालन में अधिकृत एवं प्रशिक्षित चालक की व्यवस्था सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है

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